फसल सिफारिशें

खरीफ फसल - कोदों

आई. पी. एम

  • प्रमाणित बीजों का उपयोग करें।
  • प्रतिरोधक जातियों का उपयोग करें।
  • बोनी समय पर करें।
  • अत्याधिक सिंचाई न करें।
  • अत्याधिक नत्रजन का उपयोग न करें।
  • खाद व उर्वरक का सतुंलित मात्रा में उपयोग करें।
  • खेत में खरपतबार होने पर उन्हें उखाड़कर नष्ट देना चाहिए।
  • बीज उपचार अवश्य करें।
  • अपने क्षेत्र के लिए अनुमोदित किस्मों का उपयोग करें।
  • पानी का जमाव होने पर जल निकास की अच्छी व्यवस्था करें।
  • अच्छी तरह सड़ी हुई खाद का उपयोग करें।
  • रोग और कीट के लक्षण दिखने पर कवकनाशी का उपयोग करें।
  • उर्वरक का उपयोग बीज के नीचे लाइन में करे।

फसल पश्च तकनीक

सुखाना :-
  • कटाई के बाद दानों को धूप में सुखाना चाहिए जिससे दानों की अतिरिक्त नमी सूख जाए।
  • यह ध्यान रखना चाहिए कि दाने 6 से 8 दिन सुखाये जाए जिससे कीट इत्यादि का आक्रमण न हो।
भंडारण :-
  • कोदो के भंडारण के लिए दानों की नमी 10-12 प्रतिशत रहनी चाहिए।
  • पूसा बिन या सुरक्षित ( अच्छी तरह से ढके) पात्रों में भंडारण करना चाहिए।